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                <title>deficiency of iron - योग संदेश</title>
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                <description>deficiency of iron RSS Feed</description>
                
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                <title>आयरन की कमी को पूरा करेगा पतंजलि का डबल फोर्टिफाइड नमक</title>
                                    <description><![CDATA[<p class="MsoNormal" style="text-align:right;" align="right"><span lang="hi" style="font-size:10pt;line-height:115%;font-family:'Arial Unicode MS', sans-serif;" xml:lang="hi">आचार्य  </span><span lang="hi" style="font-size:10pt;line-height:115%;font-family:'Arial Unicode MS', sans-serif;" xml:lang="hi">बालकृष्ण</span></p>]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.patanjaliyogsandesh.com/article/1542/deficiency-of-iron"><img src="https://www.patanjaliyogsandesh.com/media/400/2023-06/salt.jpg" alt=""></a><br /><table style="border-collapse:collapse;width:100%;border-width:1px;background-color:#F8CAC6;border-color:#F8CAC6;" border="1"><colgroup><col style="width:99.8705%;" /></colgroup>
<tbody>
<tr>
<td style="border-width:1px;border-color:rgb(248,202,198);">
<h5 style="text-align:justify;"><strong>पतंजलि देश का पहला ऐसा संस्थान है जो फोर्टिफिकेशन के साथ-साथ ऑर्गेनिक बायोफोर्टिफिकेशन पर काम कर रहा है।</strong></h5>
<h5 style="text-align:justify;"><strong>इसके तहत प्राकृतिक रूप से बीज के अन्दर ही आवश्यक तत्त्वों जैसे- जिंक, आयरन, विटामिन्स, माइक्रोन्यूट्रिएंट्स का समावेश कर बायो फोर्टिफाइड सीड तैयार किये जा रहे हैं|</strong></h5>
</td>
</tr>
</tbody>
</table>
<h5 style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi">यह</span> <span lang="hi" xml:lang="hi">प्रसन्नता व गौरव का विषय है कि पतंजलि ने योग व आयुर्वेद के माध्यम से करोड़ों लोगों को नया जीवन प्रदान किया है</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">हमारी इस यात्रा में करोड़ों देशवासियों का पुरुषार्थ है। योग व आयुर्वेद हमारे स्वास्थ्य की रक्षा में पूर्ण सक्षम हैं</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">फिर भी आज की असंतुलित जीवनचर्या</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">प्रदूषण एवं खाद्य उत्पादों की पोषकता में कमी आ जाने के कारण हमारे शरीर में विभिन्न प्रकार के तत्त्वों की कमी आ रही है। पतंजलि इस दिशा में वृहत् स्तर पर प्रयास कर रहा है। हमारे देश की महत्त्वपूर्ण स्वास्थ्य संबंधी संस्था एफ.एस.एस.ए.आई. का कार्य न केवल गुणवत्तायुक्त खाद्य पदार्थों के लिए प्रमाण-पत्र प्रदान करना है अपितु उनका यह भी कार्य है कि देश में गुणवत्तायुक्त पदार्थ बनें और उन पदार्थों से लोग जुड़ें। देश में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता फैल रही है। वर्तमान में चल रहा सरकार का </span>'<span lang="hi" xml:lang="hi">ईट राइट कार्यक्रम</span>’ <span lang="hi" xml:lang="hi">भी इसी दिशा में एक महत्त्वपूर्ण कार्यक्रम है। </span></h5>
<h5 style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi">हमारे शास्त्रों में उल्लेख है- हितभुक्</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">ऋतभुक्</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">मितभुक्</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">अर्थात् भोजन हितकारी हो</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">सही माध्यम से कमाया हुआ हो और उचित मात्रा में खाया गया हो। आज तो कमाई भी शुद्ध नहीं है</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">लाभकारी भी नहीं है</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">मात्रा तो पता ही नहीं है। भोजन स्वादिष्ट हुआ तो जरूरत से ज्यादा खा लिया और स्वाद पसंद नहीं आया तो बीच में ही छोड़ दिया। दुनिया में अनाज को बर्बाद करने वालों में हमारा देश अग्रणी है। अत: आवश्यकता है कि हम सही खाएँ</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">उचित खाएँ</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">सही मार्ग से कमाकर खाएँ।</span></h5>
<h5 style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi">देश की स्वास्थ्य जरूरतों को ध्यान में रखते हुए हमने फोर्टिफिकेशन के क्षेत्र में एक महत्त्वपूर्ण पहल की है। हमने फोर्टिफाइड नमक</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">फोर्टिफाइड खाद्य तेल व बायोफोर्टिफिकेशन से इसकी शुरूआत की है। </span></h5>
<h5 style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi">हिन्दुस्तान में फोर्टिफाइड नमक की बात बहुत पहले से की जा रही है। नमक में आयोडीन का प्रयोग इसका प्रथम प्रयोग था। यह बहुत कम लोगों को ही पता है कि फोर्टिफिकेशन है क्या। किसी भी पदार्थ के अन्दर ऐसी चीज डाल देना जिससे की दूसरे लाभ भी उसके साथ-साथ प्राप्त हो जाएँ</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">पर उस पदार्थ का स्वाद न बिगड़े</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">उसका मूल स्वरूप भी विकृत न हो</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">फोर्टिफिकेशन कहलाता है। आयोडीन का नमक में प्रयोग सभी जानते हैं। हमने आयोडीन के साथ-साथ आयरन को भी नमक में डाल दिया है। हम सब नमक तो खाते ही हैं</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">इससे आयरन की कमी की पूर्ति होगी। आयरन और आयोडीन युक्त देश का डबल फोर्टिफाइड नमक पतंजलि का प्रथम प्रयास तथा एक सार्थक कदम है। यह एक अभियान है। </span></h5>
<h5 style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi">हम देश के विकास की बात करते हैं</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">देश के स्वास्थ्य की बात करते हैं किन्तु हमें यह भी सोचना चाहिए कि इसमें हमारा क्या योगदान है। जब हम ऐसा प्रयास करते हैं</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">तो पूरा देश स्वस्थ होता है</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">साथ ही अन्य लोगों को भी इससे प्रेरणा मिलती है।</span></h5>
<h5 style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi">फोर्टिफिकेशन तो एक बात हुई</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">हम इससे आगे भी एक कार्य कर रहे हैं। दिल्ली में माननीय केंद्रीय कृषि मंत्री श्री राधा मोहन जी</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">आई.सी.ए.आर. के डायरेक्टर जनरल डॉ. त्रिलोचन महापात्रा जी</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">सेके्रटरी श्री संजय अग्रवाल जी से बायोफोर्टिफिकेशन तथा बायोफोर्टिफाइड सीड पर विस्तृत चर्चा हुई</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">जिसमें हमने उनके ऑर्गेनिक शब्द जोडऩे की बात रखी अर्थात् ऑर्गेनिक बायोफोर्टिफाइड सीड। अब प्रश्न यह उठता है कि फोर्टिफिकेशन तथा बायोफोर्टिफिकेशन में क्या अन्तर है</span>? <span lang="hi" xml:lang="hi">बायोफोर्टिफिकेशन द्वारा उत्पादित फूड कोई जेनेटिकली मोडिफाइड फूड नहीं है</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">इसके तहत प्राकृतिक रूप से बीज के अन्दर ही आवश्यक तत्त्वों जैसे- जिंक</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">आयरन</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">विटामिन्स</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">माइक्रोन्यूट्रिएंट्स का समावेश कर बायो फोर्टिफाइड सीड तैयार किये जा रहे हैं और पतंजलि देश का पहली ऐसा संस्थान है जो ऑर्गेनिक बायोफोर्टिफिकेशन पर काम कर रहा है। फोर्टिफिकेशन में तत्त्वों का समावेश पदार्थ या उत्पाद में किया जाता है</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">जबकि बॉयोफोर्टिफिकेशन में यह बीज में कर दिया जाता है। यह पूरी तरह से प्राकृतिक प्रक्रिया है। अभी हम लगभग २०० एकड़ कृषि भूमि में ऑर्गेनिक बायोफोर्टिफाइड बीज तैयार कर रहे हैं। ऐसे प्रयोग पतंजलि निरंतर करता रहेगा।</span></h5>
<h5 style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi">जब सरकार ने देश में लोगों के सही भोजन को उपलब्ध कराने की बात पर चर्चा प्रारम्भ की तो पाया कि देश में लोगों को सही भोजन उपलब्ध नहीं हो पा रहा है। जहाँ अमेरिका ९० प्रतिशत तथा थाइलैण्ड ६० प्रतिशत फूड प्रोसेस करता है</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">वहीं दुर्भाग्य का विषय है कि भारत कृषि प्रधान देश होते हुए भी मात्र ६-८ प्रतिशत ही फूड प्रोसेस कर पा रहा है। भारत सरकार ने देश के लोगों को अच्छा खाद्य मिले</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">खाद्य सुरक्षा उपलब्ध हो</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">और किसानों के उत्पादों की बर्बादी न हो</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">इसके लिए उन्होंने मेगा फूड पार्क योजना की शुरूआत की। इस योजना में पतंजलि ने सहभागिता की। श्रद्धेय स्वामी जी के नेतृत्व में हमने उस अभियान को एक चुनौति के रूप में लिया। आज यह कहते हुए मुझे प्रसन्नता है कि इस देश में लगभग ६० मेगा फूड पार्क उस समय सरकार ने स्वीकृत किए थे</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">उसमें से पतंजलि द्वारा स्थापित फूड पार्क ही एकमात्र ऐसा मेगा फूड पार्क है</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">जो न केवल बेहतरीन ढंग से कार्य कर रहा है अपितु देश के सर्वप्रथम व विश्व के सबसे बड़े फूड पार्क के रूप में जाना जाता है। उसी कड़ी में हमने देखा कि देश में उपलब्ध खाद्य में पोषकता व पोषणता का अभाव है। इसका मुख्य कारण रसायनयुक्त कृषि है जो हमारी कृषि भूमि को जहरीला बना रही है</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">इससे हमारे खाद्य उत्पादों की गुणवत्ता में भी बहुत अधिक न्यूनता आ रही है। इसी कमी को पूरा करने के लिए पतंजलि प्रयासरत है। पतंजलि एकमात्र ऐसी संस्था जो पी.बी.आर.आई. के माध्यम से जैविक कृषि में ४ पेटेन्ट अपने नाम करा चुकी है। हम ऑर्गेनिक फार्मर्स ट्रेनिंग प्रोग्राम को पूरे देश में चला रहे हैं। </span></h5>
<h5 style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi">एक तो यह पक्ष था जिसमें हम कार्य कर रहे हैं</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">दूसरा पक्ष है</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">जो उत्पाद पहले से बाजार में उपलब्ध हैं</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">उनमें हम प्राइमरी हेल्थ केयर के लिए क्या कर सकते हैं</span>? <span lang="hi" xml:lang="hi">इसके लिए देश में फोर्टिफिकेशन एक महत्त्वपूर्ण पहल है। यह हमारे लिए गर्व का विषय है कि श्रद्धेय स्वामी जी के नेतृत्व में</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">उनके आशीर्वाद से</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">उनके पुरुषार्थ से</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">उनके सहयोग से</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">उनकी प्रेरणाओं से हमने इस कार्य को एक स्वरूप प्रदान करने का प्रयास किया। </span></h5>
<h5 style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi">मुझे प्रसन्नता है कि देश में पतंजलि ने सर्वप्रथम फोॢटफाइड खाद्य तेल उत्पादित किया</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">जिसमें विटामिन-</span>'<span lang="hi" xml:lang="hi">ए’</span> <span lang="hi" xml:lang="hi">तथा </span>'<span lang="hi" xml:lang="hi">डी’</span> <span lang="hi" xml:lang="hi">समावेशित है। देश के नागरिकों में विटामिन-</span>'<span lang="hi" xml:lang="hi">ए’</span> <span lang="hi" xml:lang="hi">व </span>'<span lang="hi" xml:lang="hi">डी’</span> <span lang="hi" xml:lang="hi">की कमी बहुत बढ़ रही है</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">उसे आप अपने खाद्य के माध्यम से बिना दवा के पूरा कर सकेंगे। यह पूरे देश को स्वस्थ रखने की दिशा में बड़ा कदम है।</span></h5>]]></content:encoded>
                
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                <pubDate>Fri, 01 Feb 2019 21:54:13 +0530</pubDate>
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