दैनिक जीवन में किये जाने वाले पतंजलि के आठ प्राणायाम
योग संदेश  योग एवं आयुर्वेद  2015  जुलाई 

दैनिक जीवन में किये जाने वाले पतंजलि के आठ प्राणायाम

दैनिक जीवन में किये जाने वाले पतंजलि के आठ प्राणायाम     महर्षि पतञ्जलि प्रणीत अष्टांग-योग का चौथा अंग है-प्राणायाम। 'प्राणायाम’ दो शब्दों से मिलकर बना है-'प्राण’ और 'आयाम’। प्राण से तात्पर्य शरीर में समचरित होने वाली वायु (जीवनी शक्ति) से है तथा आयाम...
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